रैबीज़ ग्रसित कुत्तों के काटने पर तुरंत डॉक्टर को दिखाएं

Posted By: admin

On: November 08, 2016 15:15:56

बीती 28 सितंबर को भी देश भर में वर्ल्ड रैबीज़ डे मनाया गया।

गधों के कल्याण के लिए कार्य कर रही संस्था डंकी सैंक्च्युरी इंडिया की टीम ने सोलापुर(महाराष्ट्र), ग्वालियर (मध्य प्रदेश) व अहमदाबाद (गुजरात) में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया।

डंकी सैंक्च्युरी की कम्युनिकेशन मैनेजर रश्मि शर्मा ने बताया कि सोलापुर में संस्था द्वारा दो विद्यालयों में छात्रों को बताया गया कि किस प्रकार जानवरों मेंरैबीज़ की बीमारी होती है और उसका क्या उपचार व बचाव है।

बच्चों को जानकारी दी गई कि रैबीज़ ग्रसित कुत्तों को देखकर क्या करें और किस प्रकार सभी को जानकारी प्रदान करें।

बच्चों को जानकारी दी गई कि रैबीज़ ग्रसित कुत्तों के काटने पर तुरंत डॉक्टर को दिखाएं एवं उपचार कराएं।

ये दोनों स्कूल ईंट-भट्टों के नज़दीक हैं, जहां गधे मालिकों की अच्छी संख्या है।

गधे अक्सर गलियों के आवारा कुत्तों के काटने का शिकार हो जाते हैं और रैबीज़ का समय पर उपचार न होने के कारण इनकी मृत्यु हो जाती है।

बच्चों को डंकी सैंक्च्युरी द्वारा जानकारी दी गई कि जानवरों को रैबीज़ का टीका लगवाने से इस बीमारी से बचाया जा सकता है। और अगर रैबीज़ हो जाए तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क कर जानवर (गधों)का उपचार करवाएं।

कार्यक्रम में शासकीय पशु चिकित्सक,स्कूल के अध्यापक व डंकी सैंक्च्युरी के डॉक्टर्स, कम्युनिटी पार्टनर्स व एजुकेशन ऑफिसर उपस्थित थे।

रश्मि शर्मा ने बताया कि इसी प्रकार अहमदाबाद (गुजरात) व राजा खेड़ा (आगरा-उप्र) में भी संस्था द्वारा रैबीज़ डे मनाया गया, जिसके तर्गत वैक्सीनेशन कैम्प व जागरुकता शिविर का आयोजन किया गया।

इस कार्यक्रम के माध्यम से गधा मालिकों को रैबीज़ से बचाने के उपाय व अपने पशुओं को स्वस्थ रखने के उपाय बताए गए।

इस दौरान 76 गधों का वैक्सीनेशन किया गया।